पटाखा दुकानों के लिए नई गाइडलाइन जारी: अब केवल टिन शेड में दुकानें, बांस और कपड़े पर पूरी रोक

पटाखा दुकानों के लिए नई गाइडलाइन जारी: अब केवल टिन शेड में दुकानें, बांस और कपड़े पर पूरी रोक
पटाखा दुकानों के लिए नई गाइडलाइन जारी: अब केवल टिन शेड में दुकानें, बांस और कपड़े पर पूरी रोक

दुर्ग। दीपावली के त्योहार को लेकर पुलिस प्रशासन, अग्निशमन विभाग और एसडीआरएफ पूरी तरह अलर्ट मोड में हैं। पटाखों से होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए दुर्ग जिले की सभी स्थायी और अस्थायी पटाखा दुकानों के लिए नगर सेना, अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवाएं और एसडीआरएफ मुख्यालय अटल नगर नवा रायपुर ने संयुक्त रूप से विस्तृत एडवाइजरी जारी की है। एडवाइजरी में दुकानों की बनावट, सुरक्षा उपकरण, अग्निशमन व्यवस्था और आतिशबाजी के नियमों को स्पष्ट किया गया है। इसके अनुसार, अब बांस और कपड़े की दुकानों पर पूरी तरह प्रतिबंध है और दुकानों को केवल टिन शेड से ही बनाना अनिवार्य होगा। जिला सेनानी और जिला अग्निशमन अधिकारी नागेन्द्र कुमार सिंह ने बताया कि यह कदम आग लगने की घटनाओं को रोकने के लिए उठाया गया है। हालांकि दुर्ग-भिलाई में कुछ स्थानों पर नियमों की अनदेखी जारी है। पावर हाउस में बन रही दुकानों में अभी भी बांस-बल्लियों का उपयोग किया जा रहा है और दुकानों के बीच पर्याप्त दूरी का पालन नहीं हो रहा है।

पुलिस ने सोमवार को पटाखा व्यापारियों की बैठक भी आयोजित की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल ने सभी विक्रेताओं को स्पष्ट निर्देश दिए कि उनके पास वैध लाइसेंस होना चाहिए और वे निर्धारित मात्रा से अधिक स्टॉक न रखें। स्टॉक नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई। बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि प्रत्येक दुकान में सीसीटीवी कैमरा लगाना अनिवार्य होगा। दुकानों के पास ट्रांसफॉर्मर न हों और विद्युत तार सुरक्षित एवं ढंके हुए हों। हर दुकान में कम से कम पांच किलो क्षमता का डीसीपी अग्निशमन यंत्र, 200 लीटर पानी का ड्रम और बाल्टियों की व्यवस्था होना जरूरी है। दुकानों के बीच कम से कम तीन मीटर की दूरी रखी जाए और दुकानें एक-दूसरे के सामने न हों।

इसके अलावा, दुकानों में तेल के लैंप, गैस लैम्प या खुली बिजली बत्ती का उपयोग प्रतिबंधित किया गया है। पटाखा दुकानें हाई टेंशन लाइन या ट्रांसफॉर्मर के पास नहीं लगाई जाएंगी। फायर ब्रिगेड वाहन की आवाजाही के लिए पर्याप्त जगह हमेशा खाली रखनी होगी।

एसडीआरएफ ने नागरिकों से भी सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा कि केवल लाइसेंस प्राप्त विक्रेताओं से ही पटाखे खरीदें और हमेशा खुले स्थानों पर जलाएं। सिंथेटिक कपड़े पहनने से बचें और ज्वलनशील वस्तुओं के पास पटाखे न जलाएं। जिला सेनानी नागेन्द्र कुमार सिंह ने चेतावनी दी कि यदि किसी दुकान में नियमों का उल्लंघन पाया गया, तो छत्तीसगढ़ अग्निशमन एवं आपातकालीन नियमावली 2021 के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन और पुलिस ने सभी दुकानदारों और नागरिकों से सुरक्षित तरीके से दीपावली उत्सव मनाने की अपील की है

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