नवी मुंबई। भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने आईसीसी महिला विश्व कप 2025 का खिताब जीतकर इतिहास रच दिया। डीवाई पाटिल स्टेडियम में रविवार को खेले गए फाइनल मुकाबले में कप्तान हरमनप्रीत कौर की अगुवाई में टीम इंडिया ने दक्षिण अफ्रीका को 52 रन से हराकर पहली बार विश्व चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया।
शेफाली वर्मा की 87 रन की शानदार पारी और दीप्ति शर्मा के पांच विकेट इस ऐतिहासिक जीत की नींव बने। यह जीत भारतीय महिला क्रिकेट के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज हो गई है। 2005 और 2017 के फाइनल में हार झेल चुकी भारतीय टीम ने इस बार कोई गलती नहीं दोहराई और आत्मविश्वास के साथ खिताब अपने नाम किया।
भारत की पारी
टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने सात विकेट पर 298 रन का मजबूत स्कोर बनाया। शेफाली वर्मा ने 78 गेंदों में सात चौके और दो छक्कों की मदद से 87 रन की पारी खेली। उन्होंने स्मृति मंधाना (45) के साथ पहले विकेट के लिए 104 रन की साझेदारी कर टीम को मजबूत शुरुआत दिलाई। मध्यक्रम में दीप्ति शर्मा ने 58 गेंदों पर 58 रन और ऋचा घोष ने 24 गेंदों पर 34 रन बनाकर तेजी से रन जोड़े। जेमिमा रोड्रिग्स (24) और कप्तान हरमनप्रीत कौर (20) ने भी अहम योगदान दिया।
दीप्ति शर्मा का शानदार प्रदर्शन
गेंदबाजी में दीप्ति शर्मा का जलवा देखने लायक रहा। उन्होंने 9.3 ओवर में 39 रन देकर पांच विकेट हासिल किए और फाइनल की स्टार बन गईं। उनके अलावा शेफाली वर्मा ने दो और एन. चरणी ने एक विकेट लिया। दीप्ति ने निर्णायक मौके पर दक्षिण अफ्रीकी कप्तान लौरा वोल्वार्ड्ट को आउट कर भारत की जीत पक्की कर दी।
दक्षिण अफ्रीका की पारी
299 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ्रीकी टीम की शुरुआत अच्छी रही, लेकिन भारतीय गेंदबाजों ने बीच के ओवरों में मैच का रुख पलट दिया। कप्तान लौरा वोल्वार्ड्ट ने 98 गेंदों में 101 रन की शानदार पारी खेली, पर उन्हें अन्य बल्लेबाजों का साथ नहीं मिला। एनेरी डर्कसेन (35), सुन लूस (25) और तंजिम ब्रिट्स (23) के अलावा कोई खिलाड़ी टिक नहीं सका। पूरी टीम 45.3 ओवर में 246 रन पर सिमट गई और भारत ने मुकाबला 52 रन से जीतकर विश्व कप पर कब्जा जमाया।
यह जीत भारतीय महिला क्रिकेट की नई पहचान बनकर उभरी है और इसने देशभर में जश्न का माहौल बना दिया है।




