आईओसी ने बताया कि बोर्ड ने 50 प्रतिशत यानी 5 रुपये प्रति शेयर का इंटरिम डिविडेंड मंजूर किया है. यह फायदा उन शेयरहोल्डर्स को मिलेगा जिनके नाम 18 दिसंबर 2025 तक कंपनी के रिकॉर्ड में दर्ज होंगे. कंपनी ने यह भी बताया कि डिविडेंड का भुगतान 11 जनवरी 2026 को किया जाएगा.
शेयर की चाल कैसी रही
डिविडेंड के ऐलान के बाद आईओसी का शेयर एनएसई पर 1.06 प्रतिशत की बढ़त के साथ 163.46 रुपये पर पहुंच गया. स्टॉक ने पिछले महीने कमजोरी जरूर दिखाई लेकिन 6 महीने में यह शानदार रिटर्न दे चुका है. शेयर ने 12 नवंबर 2025 को 174.50 रुपये का 52 वीक हाई और 3 मार्च 2025 को 110.72 रुपये का 52 वीक लो बनाया था. फिलहाल कंपनी की मार्केट कैप करीब 2.31 लाख करोड़ रुपये है.
तिमाही नतीजों में जबरदस्त उछाल
कंपनी ने सितंबर तिमाही में 7817.55 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया है जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में कंपनी को 169.58 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था. sequential basis पर भी प्रॉफिट 14.7 प्रतिशत चढ़ गया. ऑपरेटिंग इनकम 3.9 प्रतिशत बढ़कर 2.06 लाख करोड़ रुपये पर पहुंची जबकि खर्चों में 2.5 प्रतिशत की गिरावट आई जिससे मार्जिन मजबूत दिखाई दिए. स्टैंडअलोन आधार पर नेट प्रॉफिट 7610 करोड़ रुपये रहा जो पिछले साल 180 करोड़ रुपये की तुलना में 4127 प्रतिशत की भारी बढ़ोतरी है.




