दिल दहला देने वाली घटना: एम्बुलेंस का इंतजार करते-करते युवक की मौत, परिजन खाट पर ले गए शव

दिल दहला देने वाली घटना: एम्बुलेंस का इंतजार करते-करते युवक की मौत, परिजन खाट पर ले गए शव
दिल दहला देने वाली घटना: एम्बुलेंस का इंतजार करते-करते युवक की मौत, परिजन खाट पर ले गए शव

सुकमा। जिले के जगरगुंडा इलाके में एम्बुलेंस की अनुपलब्धता के कारण एक युवक की मौत हो गई। इसके बाद शव को ले जाने के लिए भी एम्बुलेंस नहीं मिलने पर परिजन खाट पर शव ले जाने को मजबूर हुए। घटना ने स्वास्थ्य व्यवस्था की गंभीर स्थिति को उजागर कर दिया है।

क्या है पूरा मामला
जगरगुंडा क्षेत्र में रहने वाले युवक बारसे रामेश्वरम (40) की तबीयत खराब थी। उसके हाथ-पैर में सूजन और पेट दर्द की शिकायत थी। पहले उसका इलाज जगरगुंडा अस्पताल में कराया गया था, लेकिन बाद में घर पर अचानक तबीयत ज्यादा बिगड़ गई। परिजनों ने एम्बुलेंस के लिए कई बार फोन किया, लेकिन घंटों बीतने के बाद भी एम्बुलेंस उपलब्ध नहीं हो सकी।

इसके बाद परिजन युवक को दुपहिया वाहन से इलाज के लिए अस्पताल लेकर रवाना हुए, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही युवक ने रास्ते में दम तोड़ दिया। युवक की मौत के बाद परिजनों ने शव ले जाने के लिए फिर एम्बुलेंस की मांग की, लेकिन अवकाश का हवाला देते हुए एम्बुलेंस उपलब्ध नहीं कराई गई।

Read Also-  क्रूरता की हदें पार: बदनामी के भय में पिता ने बहू की ली जान, शव को सेप्टिक टैंक में दबाया

घाट पर ले गए शव
अंततः परिजन मजबूर होकर खाट पर शव को घर ले गए। यह घटना जिला मुख्यालय से लगभग 90 किलोमीटर दूर स्थित जगरगुंडा अस्पताल क्षेत्र की है। जगरगुंडा अस्पताल से छह किलोमीटर दूर चिमलिपेंटा गांव में युवक रहता था।

उल्लेखनीय है कि केंद्र और राज्य सरकार स्वास्थ्य सुविधाओं पर करोड़ों रुपये खर्च कर रही हैं, लेकिन स्थानीय और जिला स्तर पर अधिकारियों की लापरवाही के कारण ग्रामीणों को इस तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

Related Post